/

पेट्रोल पंप लूट मामले में सीसीटीवी से नहीं मिली कोई पहचान, बदमाशों के बारे में जानकारी देने पर 25 हजार का इनाम

12 mins read

200 सीसीटीवी फुटेज में लूटपाट करने वाले बदमाशों की पहचान का सुराग नहीं मिला

अतरौली व हरदुआगंज में पेट्रोल पंपों पर लूटपाट करने वाले बदमाशों ने अपनी पहचान छिपाने के लिए मफलर बांध रखे थे। 200 से अधिक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में उनकी पहचान नहीं हो पा रही है। एसएसपी संजीव सुमन ने पहचान बताने या सूचना देने वाले को 25 हजार रुपये के इनाम देने की घोषणा की है। छह दिन पहले थाना बरला फिर 4 जनवरी रात अतरौली व हरदुआगंज में बदमाशों ने पेट्रोल पंपों पर लूट की वारदात को अंजाम दिया था। एसपी देहात के नेतृत्व में घटना के खुलासे में एसओजी समेत पुलिस की पांच टीमें जुटी हैं। पुलिस बदमाशों को 5 जनवरी को नहीं पकड़ सकी, लेकिन कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ की जा रही है।

पेट्रोल पंप पर लूटपाट करने वाले बदमाशों की तलाश में पांच टीमें जुटी हुई हैं। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से बदमाशों के हुलिए के आधार पर उनकी पहचान कराई जा रही है। कुछ संदिग्धों को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। – अमृत जैन, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण

कर्मचारियों के हाथ बांधते कैद हुए बदमाश

हरदुआगंज में पेट्रोल पंप पर लूट की वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों के चेहरे मफलर व नकाब से ढके हुए थे। वीडियो फुटेज के अनुसार बदमाश रात 11:20 बजे पेट्रोल पंप के ऑफिस में घुसे थे। फिर उन्होंने सेल्समैन व चौकीदार समेत तीनों कर्मचारियों पर तमंचा तान दिए। विरोध पर कर्मचारियों से मारपीट शुरू कर दी। इसी बीच वहां लगी एलईडी को उठाकर कर्मचारी वीरेंद्र के सिर पर मार दिया। उसके बाद बदमाशों ने लूटपाट शुरू कर दी। जाने के दौरान ऑटो मशीन का डीवीआर निकालने के साथ ही कर्मचारियों के हाथ-पैर रस्सी से बांधने के बाद मुंह पर टेप लगा दिया।

तीनों वारदातों को एक ही गिरोह ने दिया है अंजाम
खास बात है कि यहां लूटपाट में एक बदमाश ऐसा भी नजर आया है जो बरला पेट्रोल पंप पर लूट में शामिल नजर आया। जिससे तय हो गया है कि इन तीनों ही वारदात को एक ही गिरोह ने अंजाम दिया है। पुलिस की संयुक्त टीमों ने पेट्रोल पंप के अलावा इलाके भर में लगे 200 से अधिक सीसीटीवी कैमरों को बदमाशों की तलाश में खंगाला है। बदमाशों के मोबाइल फोन की लोकेशन भी ट्रेस की जा रही है। पुलिस टीमें हिस्ट्रीशीटर और अन्य शातिर अपराधियों की कुंडली खंगाल रही है।

Jarees malik

Sarkar Ki Kahani
M: 9997411800, 9719616444

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Latest from Blog

बिजनौर में झोलाछाप डॉक्टरों की लापरवाही से मरीज की जान जाने पर भी खुले रहते हैं झोलाछापों के दरवाजें

स्वास्थ्य विभाग की कार्यशैली पर लगता है प्रश्न चिन्ह मुस्तकीम राजपूत (संवाददाता) बिजनौर में इन दिनों